चाणक्य नीति : महिलाएं कभी नहीं छोड़ती अपनी ये बुरी आदतें, हमेशा दिक्कत का करना पड़ता है सामना
 

आचार्य चाणक्य के अनुसार महिलाओं में कुछ बुरी आदतें पाई जाती है। जिन्हें महिलाएं कभी नहीं छोड़ती है। आचार्य के अनुसार महिलाओं की ये आदतें उनको हमेशा दिक्कत में डालती है। आइए जानते है विस्तार से महिलाओं की इन आदतों के बारे में 
 
 

HR Breaking News, डिजिटल डेस्क नई दिल्ली, आचार्य चाणक्य ने अपने नीतियों में न केवल पुरुषों के लिए बल्कि, महिलाओं के लिए भी कई बातें बताई हैं। आचार्य चाणक्य कहते हैं कि स्त्री अपने गुण और अवगुणों से पूरे परिवार को प्रभावित कर देती है। आचार्य कहते हैं घर के मुखियां के अलावा एक ग्रहणी की भी बहुत अहम भूमिका रहती है। चाणक्य ने बताया है कि महिलाओं की कुछ आदतें ऐसी भी होती हैं जिनकी वजह से वह बहुत परेशान रहती है। तो आइए जानते हैं महिलाओं की ऐसी तीन आदतों के बारे में जिनके कारण वह परेशानी में पड़ जाती हैं।

कुछ फैसलों में मजबूरी में हां करना
कहा जाता है कि एक सुखी परिवार और वैवाहिक जीवन के लिए बेहद जरुरी है कि पति पत्नी हर फैसलों में एक मत रखना। आचार्य चाणक्य कहता हैं कि कई बार महिलाएं परिवार या पति के सामने अपनी बात नहीं रख पाती हैं और परिवार में लड़ाई झगड़ा न हो इसके लिए नापसंद फैसले में भी हामी भर देती हैं। जिसके बाद उन्हें पछतावा होता है। आचार्य चाणक्य कहता हैं कि चाहें पुरुष हो या स्त्री उन्हें अपनी परिस्थितियों के अनुरुप अपनी बात रखनी आनी चाहिए। अपनी बात रखनें से कई बार आप कुछ गलत करने से बचा सकते हैं।


झूठ बोलने की आदत
अनृतं साहसं माया मूर्खत्वमतिलोभिता।
इस श्लोक के जरिए आचार्य चाणक्य कहते हैं कि महिलाएं कई बातों में झूठ बोल जाती हैं और अपनी इसी आदत के कारण वह कई बार फंस भी जाती हैं। हालांकि, उनका यह भी कहना है कि झूठ बोलने की आदत पुरुषों में भी होती है लेकिन अगर घर की महिलाएं झूठ बोलने लगें तो उनके साथ साथ परिवार के लोगों को भी परेशानी उठानी पड़ती है। वह कहते हैं कि झूठ कुछ समय के लिए खुशी तो दे सकता है लेकिन, सच ज्यादा दिन तक छुपा नहीं रह सकता है। सच सामने आने पर परिवार से खुशियां भी चली जाती हैं। महिलाओं के साथ साथ इस बात का ख्याल पुरुषों को भी रखना चाहिए।

खुद की सेहत का ख्याल न रखना
चाणक्य कहते हैं कि स्त्रियां अपनी सेहत का ख्याल नहीं रखती है। महिलाओं में अपनी बीमारी को छिपानी की आदत होती है। महिलाएं अपनी तबीयत खराब होने पर भी इस बारे में अपनी पति या परिवार से जिक्र नहीं करती हैं। वह खुद ही तनाव झेलती हैं। जिसका असर उनकी सेहत पर और अधिक होता है। इस वजह से उनके साथ साथ परिवार के लोगों को भी बहुत कुछ भुगतना पड़ता है।