New Expressway : 28 गांवों से होकर गुजरेगा नया ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे, लिस्ट आई सामने, ये होगा फाइनल रूट
HR Breaking News : (Greenfield Expressway In UP) योगी सरकार द्वारा अपने प्रदेश में लगातार नए-नए एक्सप्रेसवे बनाए जा रहे हैं। फिलहाल उत्तर प्रदेश सबसे ज्यादा एक्सप्रेसवे वाला राज्य बन गया है। आपको बता दे की सैयदराजा से लेकर गाजीपुर के महाराजगंज तक बनने वाले ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे के निर्माण का प्रोसेस अब अपने अगले चरण में प्रवेश कर गया है।
एक्सप्रेसवे की इस प्रोजेक्ट के लिए 3D मैपिंग का कार्य सफलतापूर्वक पूरा हो चुका है तथा माना जा रहा है कि इस ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे को बनाने में लगभग 3000 करोड रुपए की लागत आएगी। इस एक्सप्रेसवे की डिजिटल रूट मैप तैयार होने के बाद NHAI की तरफ से जमीन अधिग्रहण की प्रक्रिया में तेजी कर दी है।
28 गांवों से होकर गुजरेगा ये ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे
उत्तर प्रदेश में बनने वाला यह नया ग्रीन फील्ड एक्सप्रेसवे (New Greenfield Expressway) न केवल चंदौली और गाजीपुर के बीच की दूरी को कम करेगा बल्कि आर्थिक गतिविधियों को भी तेज गति प्रदान करेगा। बताया जा रहा है कि यह ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे चंदौली जनपद के कुल 28 गांवों से होकर गुजरेगा।
इसमें सकलडीहा विकासखंड के 5 गांव- एवती, जिगना, सिसौरा, बधरी व रामदासपुर शामिल हैं।
वहीं, सदर विकासखंड के 23 गांवों- रैपुरी, वीरभानपुर, सिकता, सबल जलालपुर, बबुरा खास, डिग्पी, बरडीहा, अमड़ा, हरिपुर, औरड्या पट्टी गुलाब, अराजी औरड्या, इमिलिया, बरहनी, कैथी, बेलगहना, जेवरी पट्टी, भुआलपुर, लीलाराय, रेवसा, छतेम मरुई, बगही, कुंभापुर और बख्तू राय की भूमि का अधिग्रहण किया जाएगा।
मील का पत्थर साबित होगा ये प्रोजेक्ट
उत्तर प्रदेश (UP News) में बनने वाले इस नए ग्रीन फील्ड एक्सप्रेसवे (Greenfield Expressway) को आधुनिक तकनीक और डिजिटल खाके के बेस पर तैयार किया जा रहा है। यह एक्सप्रेसवे लगभग 42 किलोमीटर लंबा होगा। इस एक्सप्रेस-वे का मुख्य ‘गेटवे’ गाजीपुर के महाराजगंज में बनाया जाएगा। जहां से यह वाराणसी-गोरखपुर फोरलेन से सीधे कनेक्ट हो जाएगा।
इस कनेक्टिविटी का सबसे बड़ा फायदा यह होगा कि गोरखपुर, मऊ और आजमगढ़ की ओर से आने वाले राहगीर वाराणसी शहर के जाम में फंसे बिना सीधे चंदौली और बिहार की सीमा तक पहुंच सकेंगे। अब तक राहगीरों को जमानिया या सैदपुर के घुमावदार रास्तों पर निर्भर रहना पड़ता थ। लेकिन इस मार्ग के बन जाने से टाइम व ईंधन दोनों की काफी बचत होगी।
रखा जाएगा सुरक्षा के मानकों का ध्यान
NHAI के उप प्रबंधक संकेत मंगला का कहना है कि एक्सप्रेस-वे के निर्माण (Construction of the expressway) के लिए 3D मैपिंग का काम पूरा हो गया है, जिससे प्रोजेक्ट का मार्ग स्पष्ट हो गया है। अब जिला प्रशासन के साथ मिलकर जमीन अधिग्रहण और मुआवजे की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। इस मार्ग पर सुरक्षा के आधुनिक मानकों का ध्यान रखा जाएगा, जिसमें डिवाइडर, सर्विस लेन और आपातकालीन सुविधाएं शामिल हैं।