Haryana में रेलवे स्टेशन का बदला स्वरूप, यात्रियों को मिली खास सुविधाएं
HR Breaking News : (Haryana News) हरियाणा सरकार अब रेलवे (Railway stations in Haryana ) के विकास को लेकर सचेत हो गई है और यात्रियों को आधुनिक सुविधाएं देने के लिए नए-नए प्रयास कर रही है। अब जल्द ही हरियाणा में रेलवे स्टेशन का स्वरूप पूरी तरह से बदलने को तैयार है, जिससे यहां पर अब आधुनिक सुविधाओं के चलते लोगों को भीड़ से निजात मिलेगी। आइए खबर के माध्यम से विस्तार से जानते हैं इस बारे में-
इस रेलवे स्टेशन को बनाया जाएगा आधुनिक
दरअसल, आपको बता दें कि रेलवे (Haryana Railway News) की ओर से अमृत भारत स्टेशन प्रोजेक्ट के तहत सोनीपत रेलवे स्टेशन (Sonipat Railway Station) को आधुनिक तौर पर विकसित करने की तैयारी कर रहा है। अब यहां पर 40 हजार यात्रियों के भार को संभालने वाले स्टेशन पर भीड़ के प्रबंधन के लिए और यात्रियों की सुविधाओं के लिए अब बड़ी तैयारी की जा रही है। बता दें कि इस स्टेशन पर निर्माणाधीन 12 मीटर चौड़ा नया फुट ओवरब्रिज का काम अब आखिरी चरण में हैं। इसके साथ ही इमरजेंसी कंडिशन में लाइफ-सेवर की भूमिका भी रहेगी।
इमरजेंसी चिकित्सा सहायता की सुविधा
इस स्टेशन पर खास विशेषता (Sonipat Railway Station Facilities) इसकी इमरजेंसी रैंप होगी। गुड़ मंडी की ओर द्वितीय प्रवेशद्वार डेवलेप किए जा रहे हैं। यह रैंप खासतौर से उन मरीजों और दिव्यांगों के लिए , जिन्हें इमरजेंसी चिकित्सा सहायता तक पहुंचने की जरूरत हाती है, उनके लिए बेहतर रहेगा। अब इसके निर्माण से मरीजों को व्हीलचेयर की मदद से प्लेटफार्म तक लाना-जे लाना आसान रहेगा। FOB पर शेड व सीढ़ियों का काम पूरा होते ही लिफ्ट लगाने का काम शुरू किया जाने का प्लान है।
जानकारी के लिए बता दें कि फुट ओवरब्रिज पर सर्कुलर शेड (Circular shed on foot overbridge) के साथ ही अब सीढ़ियों को बनाने का काम जारी है। इसका डिजाइन ऐसे बनाया जा रहा है, जिससे की लिफ्ट खराब होने पर भी यात्री बिना परेशानी के आवागमन कर सकें। रेलवे स्टेशन पर जो पुनर्निर्माण काम चल रहा है, उसका तकरीबन 90 प्रतिशत तक काम पूरा कर लिया गया है।
फुट ओवरब्रिज पर आएगी इतना खर्च
अभी फिलहाल में सोनीपत स्टेशन (Sonipat station News) पर सिर्फ एक फुट ओवरब्रिज होने के चलते ट्रेनों के ठहराव के समय भारी मुश्किलें हो जाती है। अब नए FOB से यात्रियों को भीड़ में धक्का-मुक्की से छुटकारा मिल जाएगा। बता दें कि 29 करोड़ रुपये के पुनर्विकास बजट में से फुट ओवरब्रिज और इसके इलेक्ट्रिफकेशन पर तकरीबन 4.50 करोड़ रुपये खर्च किए जा रहे हैं। मार्च के आखिर तक इस प्रोजेक्ट (Haryana Railway Projects) को पूरा किया जा सकता है, जिससे दिल्ली-अंबाला रूट के यात्रियों को सफर के दौरान अंतरराष्ट्रीय स्तर की सुविधाओं का फायदा मिल सकेगा।
क्यों किया इंजीनियरों ने डिजाइन में बदलाव
वैसे पहले तो रेलवे का प्लान इस ब्रिज को करनाल स्टेशन की तर्ज निर्मित करने का था, जिससे टू-व्हीलर वाहनों को भी आने-जाने की सुविधा देना था। हां पर सोनीपत स्टेशन (Sonipat station News) पर कम जगह के चलते इंजीनियरों की ओर से इसके डिजाइन में बदलाव किए गए हैं। अब इसके एग्जिट प्रवेश द्वार और जीआरपी थाने के पास प्लेटफार्म नंबर-1 पर हुई है। जालंधर की निर्माण कंपनी को यह निर्देश दिए हैं कि लिफ्ट के पिलर और सीढ़ियों का समन्वय इस तरह हो कि यात्रियों को पैदल न जाना पड़ें।