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निगम कार्यालय में चलेगी केंटीन, महिलाएं बेच सकेंगी अपने उत्पाद

Municipal Office Canteen : अब महिलाओं को आत्म निर्भर बनाने के लिए और स्वरोजगार के अवसर को उपलब्ध करवाने के लिए नगर निगम की ओर से पहल की गई है। अब निगम कार्यालय में केंटीन चलाई जाने वाली है। अब महिलाएं अपने उत्पाद की बिक्री (women selling products) कर सकेंगे। इससे स्वयं सहायता समूहों को रोजगार का मौका मिलेगा। खबर में जानिए इस बारे में विस्तार से-
 

HR Breaking News (Municipal Office Canteen) महिलाओं को स्वरोजगार उपलब्ध कराने के लिए और आत्मनिर्भर बनाने के लिए नई-नई येाजनाएं (Municipal Office Canteen) तैयार की जा रही है। अब जल्द ही निगम कार्यालय में केंटीन शुरू की जाने वाली है। सिर्फ इतना ही नहीं महिलाओं के उत्पादों को बाजार मिल सकेगा, जिसमे महिलाएं अपने उत्पादों की ब्रिक्री कर सकेंगी। खबर में जानिए महिलाएं कहां पर अपने उत्पाद को बेच सकेंगी।

कहां होगी महिलाओं के उत्पादों की बिक्री 


निगम ने महिला स्वयं सहायता समूह (women self help group) को उत्पाद बेचने और कैंटीन चलाने के लिए तीन पोर्टा केबीन अलॉट किए हैं। पुराने राजकीय महाविद्यालय मैदान और मधुबन पार्क में महिला समूह के बनाए गए उत्पादों की बिक्री की जाएगी। वहीं, नगर निगम कार्यालय में आलोट केबिन में कैंटीन (Canteen at Municipal Office) चलेगी। बीते दिनों निगमायुक्त के आदेशानुसार संयुक्त आयुक्त कुलभूषण बंसल के कार्यालय में बेबिन अलोट के लिए ड्रॉ निकाला गया है।

 

9 महिला स्वयं सहायता समूहों ने कराया रजिस्ट्रेशन 


इसके लिए 9 महिला स्वयं सहायता समूहों ने रजिस्ट्रेशन (Registration of women self-help groups) कराया था। वहीं, ड्रॉ के दौरान चार समूहों के प्रतिनिधि भी मौजूद रहे हैं। ड्रॉ में सबसे पहले नगर निगम कार्यालय में कैंटीन चलाने के लिए जो पोर्टा केबिन बनाए गए हैं, उनको अलोट किया गया है, जिसमें शिव कुमार का नाम आया है। उसके बाद पुराने राजकीय महाविद्यालय मैदान में सामान की बिक्री के लिए बनाए गए केबिन का अलोट लाभ स्वयं सहायता समूह को हुआ है।

 

तीन पोर्टा केबिन दी जाएगी किराए पर 


इसके साथ ही मधुबन पार्क में स्थापित पोर्टा केबिन (Porta Cabins at Madhuban Park) भविष्य समूह को दिया गया है। नगर निगम प्रशासन के मुताबिक तीन पोर्टा केबिन 6 महीने की अवधि के लिए किराए पर दिए जाने वाले हैं। तय अवधि पूरी होते ही दूसरे स्वयं सहायता समूह को रोजगार का अवसर मिलेगा। इसके लिए ड्रॉ के जरिए वेटिंग लिस्ट (Waiting list through draw) तैयार की गई है, जिसमें लक्ष्य SHG, ताज SHG, कांता SHG, अनूप SHG,श्री बालाजी SHG और लक्ष्मण समूह को शामिल किया।

महिला समूहों के उत्पादों को मिलेगा बाजार 


अलोट समूह में अगर कोई कैबिनेट का संचालन करने का इच्छुक नहीं होता है, तो वेटिंग लिस्ट में शामिल अगले समूह को मौका दिया जाने वाला है। नगर निगम (nagar nigam) के संयुक्त आयुक्त का कहना है कि महिला समूहों के उत्पादों को बाजार उपलब्ध कराने के साथ उनकी आर्थिक स्थिति को मजबूत करना है और स्वरोजगार को बढ़ावा देना है।