Haryana में रेलवे स्टेशन पर बढ़ेगी सुरक्षा, लगाए जाएंगे 70 नए सीसीटीवी कैमरे
Haryana - हरियाणा के रेलवे स्टेशनों पर यात्रियों की सुरक्षा बढ़ाने के लिए कदम उठाए जा रहे हैं। रिपोर्ट के मुताबिक इस रेलवे स्टेशन पर 70 नए सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएंगे। जिले के सभी स्टेशनों को मिलाकर कुल 350 कैमरे स्थापित किए जाने की योजना है... इससे जुड़ी पूरी जानकारी जानने के लिए खबर को पूरा पढ़ लें-
HR Breaking News, Digital Desk- (Haryana) रेलवे यात्रियों की सुरक्षा को और मजबूत करने के लिए कदम उठाए जा रहे हैं। मार्च तक रोहतक रेलवे स्टेशन पर 70 नए सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएंगे। जिले के अन्य रेलवे स्टेशनों को मिलाकर कुल 350 सीसीटीवी कैमरे स्थापित करने की योजना है।
इस परियोजना के पूरा होने के बाद रेलवे स्टेशन परिसरों (Railway Station Complexes) में हर गतिविधि पर 24 घंटे निगरानी रखी जा सकेगी। इससे अपराधों पर काबू पाया जा सकेगा और यात्रियों को सुरक्षा का भरोसा भी बढ़ेगा।
रेलवे प्रशासन के अनुसार, सीसीटीवी कैमरे प्लेटफॉर्म, टिकट काउंटर (ticket counter), प्रतीक्षालय, प्रवेश-निकास द्वार, फुट ओवरब्रिज, पार्किंग क्षेत्र और ट्रेनों के ठहराव स्थलों पर लगाए जाएंगे। इससे संदिग्ध गतिविधियों की तुरंत पहचान होगी और किसी भी आपात स्थिति में तेजी से कार्रवाई संभव हो सकेगी।
खासकर महिला यात्रियों, बुजुर्गों और बच्चों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए संवेदनशील स्थानों पर अतिरिक्त सीसीटीवी कैमरे (CCTV Camera) लगाए जाएंगे। इससे न केवल अपराधों में कमी आएगी, बल्कि किसी भी घटना के बाद जांच प्रक्रिया भी आसान होगी। फुटेज के आधार पर आरोपियों की पहचान और कार्रवाई तेज होगी। यात्रियों ने इस पहल का स्वागत किया और कहा कि अब स्टेशन (station) पर यात्रा करना पहले से अधिक सुरक्षित और सुविधाजनक होगा।
RPF थाने में बनेगा कंट्रोल रूम-
सीसीटीवी कैमरों की निगरानी के लिए आरपीएफ थाने में एक अत्याधुनिक कंट्रोल रूम स्थापित किया जाएगा। यहां से सभी कैमरों की लाइव मॉनिटरिंग (Live monitoring of cameras) की जाएगी। कंट्रोल रूम आधुनिक स्क्रीन, रिकार्डिंग सिस्टम (recording system) और बैकअप सुविधाओं से लैस होगा, ताकि किसी भी तकनीकी समस्या के बावजूद निगरानी प्रभावित न हो। इससे जीआरपी (GRP) और रेलवे सुरक्षा बल मौके की स्थिति तुरंत जान सकेंगे।
अलग टीम रखेगी सीसीटीवी निगरानी-
कंट्रोल रूम के संचालन के लिए एक प्रशिक्षित टीम (Trained team) बनाई जाएगी। यह टीम 24 घंटे तीन शिफ्टों में कैमरों की निगरानी करेगी। टीम संदिग्ध गतिविधियों की पहचान कर तुरंत संबंधित पुलिस (police) और सुरक्षा कर्मियों (security personnel) को सूचित करेगी। इससे चोरी, जेबकतरी, अवैध पार्किंग (illegal parking) और अन्य आपराधिक घटनाओं पर प्रभावी रोक लग सकेगी।
