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Haryana : प्रदेश में 1.46 लाख एकड़ भूमि अधिग्रहित करने का प्रस्ताव, बसाए जाएंगे 500 नए सेक्टर

Haryana : एक रिपोर्ट के मुताबिक आपको बता दें कि हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण (एचएसवीपी) ने प्रदेश में सुनियोजित शहरीकरण को बढ़ावा देने के लिए बड़ा कदम उठाया है। इसके तहत लगभग 1.46 लाख एकड़ भूमि अधिग्रहित करने का प्रस्ताव है और 500 से अधिक नए सेक्टर विकसित किए जाएंगे...जारी इस रिपोर्ट से जुड़ी पूरी जानकारी जानने के लिए खबर को पूरा पढ़ लें-

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Haryana : प्रदेश में 1.46 लाख एकड़ भूमि अधिग्रहित करने का प्रस्ताव, बसाए जाएंगे 500 नए सेक्टर

HR Breaking News, Digital Desk- (Haryana) हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण (एचएसवीपी) ने प्रदेश में सुनियोजित शहरीकरण को तेजी से आगे बढ़ाने के लिए बड़ा योजना तैयार की है। इसके तहत गुरुग्राम, फरीदाबाद, रोहतक (Rohtak), हिसार (hisar) और पंचकूला के पांच मुख्य जोनों में शामिल 52 शहरों और कस्बों में 500 से अधिक नए सेक्टर विकसित किए जाएंगे। इसके लिए लगभग 1.46 लाख एकड़ भूमि अधिग्रहित करने का प्रस्ताव है।

एचएसवीपी के मुख्य प्रशासक चंद्रशेखर खरे ने सभी जोन प्रशासकों और संपदा अधिकारियों को पत्र जारी कर आगे की कार्रवाई जल्द पूरी करने के निर्देश दिए हैं। भूमि अधिग्रहण (Land acquisition) की प्रक्रिया ई-भूमि पोर्टल (e-bhoomi portal) के माध्यम से की जाएगी, जिसमें संबंधित क्षेत्रों की राजस्व जानकारी, खसरा संख्या और भूमि का विस्तृत विवरण अपलोड किया जाएगा।

कई नए शहरों में विकसित होंगे सेक्टर नेटवर्क-

गुरुग्राम जोन में गुरुग्राम, रेवाड़ी (rewari), धारूहेड़ा, सोहना, पटौदी, फर्रुखनगर और गोलपहली सहित सात शहर-कस्बे योजना में शामिल किए गए हैं। वहीं, फरीदाबाद जोन के तहत फरीदाबाद, नूंह, तावड़ू और होडल में नए सेक्टर विकसित किए जाएंगे।

रोहतक जोन में कुल 14 शहर शामिल-

रोहतक जोन में रोहतक, सांपला, कलानौर, सोनीपत, पानीपत, इसराना, खरखौदा, गन्नौर, गोहाना, झज्जर, बहादुरगढ़, आरोग्यधाम बाढ़सा और बेरी में सेक्टर विकसित किए जाएंगे। हिसार जोन में हिसार, हांसी, अग्रोहा, नारनौंद, उकलाना, बरवाला, जींद, नरवाना, उचाना, फतेहाबाद, टोहाना और भूना सहित 13 शहर-कस्बे शामिल हैं। वहीं, पंचकूला जोन में पिंजौर-कालका, पंचकूला एक्सटेंशन (अलीपुर), रायपुररानी, यमुनानगर-जगाधरी, शाहाबाद, कैथल, करनाल, असंध, इंद्री, नीलोखेड़ी, कुरुक्षेत्र, पिहोवा और लाड़वा में नए सेक्टर विकसित किए जाएंगे।

भूमि उपयोग की योजना चार श्रेणियों में-

प्रस्ताव के अनुसार कुल 1,46,707.921 एकड़ भूमि को चार श्रेणियों में विकसित किया जाएगा। इसमें रिहायशी सेक्टरों के लिए 1,02,281.824 एकड़, व्यावसायिक उपयोग के लिए 11,553.725 एकड़, पब्लिक व सेमी-पब्लिक उपयोग (Public and semi-public use) के लिए 4,773.303 एकड़ तथा मिश्रित उपयोग के लिए 28,099.069 एकड़ भूमि शामिल है।

एचएसवीपी मुख्यालय स्तर (HSVP Headquarters Level) पर जोनवार प्रस्ताव तैयार कर लिए गए हैं। योजना लागू होने से शहरों के आसपास सुनियोजित शहरीकरण को बढ़ावा (Promoting planned urbanization) मिलेगा और अवैध कॉलोनियों पर प्रभावी नियंत्रण होगा। साथ ही आम लोगों को रियायती दरों पर आवासीय और व्यावसायिक प्लॉट (commercial plot) मिलने की संभावनाएं भी बढ़ेंगी।