Hisar Ring Road : हिसार में रिंग रोड का बढ़ा दायरा, जानें अब क्या होगा रूट
HR Breaking News (Hisar Ring Road) हिसार शहर के विकास के लिए और जाम का दबाव कम करने के लिए रिंग रोड प्रोजेक्ट (Ring Road Project) की शुरुआत हुई थी। अब इस रिंग रोड प्रोजेक्ट का दायरा बढ़ाया जा रहा है। अब दायरा बढ़ने से इस रूट तय कर लिए गए हैं। आइए खबर में जानते हैं कि रिंग रोड का दायरा बढ़ने से रूट क्या होने वाले हैं।
प्रोजेक्ट की लागत को किया दोगुना
NHAI की ओर से इस प्रोजेक्ट को बढ़ाकर दोगुना कर दिया है। इसससे पहले यह प्रोजेक्ट 25.3 से 38.4 किलोमीटर तक प्रस्तावित की गई थी, लेकिन अब इस प्रोजेक्ट को बढ़ाकर 41 किलोमीटर किया गया है। बात करें लंबाई की तो लंबाई में लगभग 15.7 किलोमीटर तक इजाफे के चलते प्रोजेक्ट का बजट (Ring Road project budget)भी दोगुना हो गया है। पहले इस प्रोजेक्ट पर तकरीबन 1900 करोड़ रुपए लागत का अनुमान था, जो अब बढ़कर तकरीबन 3400 करोड़ रुपए तक किया गया है।
इस वजह से केंद्र सरकार के पास जाकर प्रोजेक्ट अटक सकता है। अधिकारियों ने इसकी लागत दोगुनी की है। जहां पर पहले से नई कॉलोनियां कट रही हैं, जिसका सीधा लाभ बड़े कॉलोनाइजरों को होगा, किंतू इसका भार आम जनता पर पड़ेगा।
किन कारणों से बढा़या गया बजट
प्रोजेक्ट की लंबाई (Ring Road Project Length) में इजाफे के साथ-साथ भूमि अधिग्रहण, निर्माण सामग्री, पुल-पुलिया और इंटरचेंज की में भी बढ़ौतरी की गई है और नए अलाइनमेंट में शहर के बाहरी हिस्सों को भी जोड़ा है और विकसित हो रही कॉलोनियों को भी इसमे जोड़ा गया है।
जिस वजह से अधिग्रहित होने वाली जमीन का रकबा बढ़ गया है और मुआवजा राशि भी ज्यादा तय की गई है। इस प्रोजेक्ट के निर्माणी लागत में बढ़ौतरी और अतिरिक्त स्ट्रक्चरल फंक्शन (Additional structural functions) ने भी बजट को प्रभावित किया है।
जानिए क्या है रिंग रोड बढ़ाने का मकसद
रिंग रोड का मकसद हिसार शहर को जाम से निजात दिलाना है और बाहरी यातायात को शहर में किए बना डायवर्ट करना है। अब रूट राजगढ़ रोड, दिल्ली रोड और अन्य रास्तो को आपस में कनेक्ट करेगा। सरकार के इस प्रोजेक्ट के तहत कई क्षेत्रों पर फ्लाईओवर, अंडरपास और सर्विस रोड का निर्माण किया जाएगा और अब तक भूमि अधिग्रहण का तकरीबन 90 प्रतिशत सर्वे का काम पूरा कर लिया गया है। सैकड़ों एकड़ जमीन का अधिग्रहण प्रस्तावित कर दिया गया है और बड़ी संख्या में किसानों को मुआवजे का फायदा (Farmers benefit from compensation) मिलेगा।
कब मिलेगी प्रोजेक्ट को केंद्र से मंजूरी
प्रोजेक्ट की लंबाई बढ़ाने का निर्णय इसलिए लिया है ताकि रिंग रोड रियल में पूर्ण बाईपास की तरह वर्क करें और शहर को जाम से छुटकारा मिल सकें। बदले हुए अलाइनमेंट और अतिरिक्त भूमि अधिग्रहण के चलते प्रोजेक्ट (hisar new project) की लागत में इजाफा हुआ है, लेकिन इससे आगामी समय में यातायात का भार कम होगा। मार्च के आखिर तक केंद्र से मंजूरी मिल सकती है।
प्रोजेक्ट के लिए कुल इतनी जमीन काहोगा अधिग्रहण
यह लंबा रिंग रोड प्रोजेक्ट (Ring Road Project) 41 किलोमीटर लंबा बनाया जाएगा और इसके लिए कुल 667 एकड़ जमीन का अधिग्रहण किया जाने की योजना है। प्रशासन के अनुसार भूमि अधिग्रहण (Land acquisition) से जुड़े तकरीबन 90 प्रतिशत सर्वे का काम पूरा कर लिया गया है और प्रभावित जमीन मालिकों को मुआवजा देने का प्रोसेसे का काम किया जा रहा है।
दायरा बढ़ाने का मुख्य मकसद हिसार (hisar Ring Road Project)के बाहरी हिस्सो को कनेक्ट करना है। नए विस्तार में मुकलान से तलवंडी राणा तक का हिससा भी जोड़ा गया है और राजगढ़ रोड, दिल्ली रोड के साथ ही प्रमुख रास्तो को इस बाहरी घेराव से कनेक्ट किया गया है।