8th Pay commission : 3.50 के फिटमेंट फैक्टर से कितनी बढ़ेगी कर्मचारियों की सैलरी, जानें ताजा अपडेट
HR Breaking News : (new pay commission) आठवें वेतन आयोग में सैलरी बढ़ोतरी को लेकर कर्मचारियों में अभी भी उत्सुकता बनी हुई है। नए वेतन आयोग का समय शुरू हो चुका है, लेकिन अब तक नया वेतन आयोग लागू नहीं हुआ है। कर्मचारियों की सैलरी में जल्द ही बढ़ोतरी होने वाली है। इसको लेकर कर्मचारियों ने सरकार के सामने अपनी मांग भी रखी है। कर्मचारियों की सैलरी में कितना इजाफा होगा, यह अभी कन्फर्म नहीं है।
फिटमेंट फैक्टर के आधार पर होगी बढ़ोतरी
आठवें वेतन आयोग में कर्मचारियों की सैलरी में बढ़ोतरी (increase in the salaries of employees) फिटमेंट फैक्टर के आधार पर होगी। फिटमेंट फैक्टर एक प्रकार का गुणांक है। कर्मचारियों के लिए फिटमेंट फैक्टर एक महत्वपूर्ण अंक है। फिलहाल फिटमेंट फैक्टर को लेकर अलग-अलग अनुमान चल रहे हैं।
सातवें वेतन आयोग में 2.57 का फिटमेंट फैक्टर
कर्मचारियों को फिलहाल 7वें वेतन आयोग के तहत सैलरी (Salary under 7th Pay Commission) मिल रही है। सातवां वेतन आयोग 2016 में लागू किया गया था। 7वें वेतन आयोग का कार्यकाल दिसंबर 2025 में खत्म हो गया है, परंतु अब तक नया वेतन आयोग लागू नहीं होने के कारण फिलहाल सैलरी सातवें वेतन आयोग के तहत ही दी जा रही है। सातवें वेतन आयोग में कर्मचारियों की सैलरी में 2.57 का फिटमेंट फैक्टर लगा था।
सैलरी में हुआ था ढाई गुना का इजाफा
सातवें वेतन आयोग (Seventh Pay Commission) में कर्मचारियों की सैलरी में करीब ढाई गुना की बढ़ोतरी हुई थी। कर्मचारी वर्ग इस बार साढे तीन गुना की बढ़ोतरी की उम्मीद कर रहा है। 2.57 के फिटमेंट फैक्टर से सैलरी 157% बढ़ गई थी, जिसके अनुसार न्यूनतम बेसिक सैलरी 7000 रुपये प्रति महीना से बढ़कर 18000 रुपये प्रति महीना हो गई थी।
कर्मचारियों ने मांगा 3.50 का फिटमेंट फैक्टर
आठवां वेतन आयोग (Eighth Pay Commission) अभी अपना कार्य कर रहा है। सरकार की ओर से आधिकारिक पोर्टल को लांच कर दिया गया है। कर्मचारियों को 3.50 के फिटमेंट फैक्टर के हिसाब से बढ़ोतरी की उम्मीद है। हालांकि बहुत सारे रिपोर्ट 1.92 से लेकर 2.86 तक की बढ़ोतरी की उम्मीद कर रहे हैं।
कर्मचारियों की मांग के अनुसार इतनी बढ़ जाएगी सैलरी
कर्मचारियों की ओर से 3.5 का फिटमेंट फैक्टर मांगा जा रहा है। अगर इतना ही फिटमेंट फैक्टर (Fitment Factor) मिल जाता है, तो न्यूनतम बेसिक सैलरी 18000 रुपये से बढ़कर 63000 रुपये प्रति महीना तक हो जाएगी। यानी कि कर्मचारियों की सैलरी में ढाई सौ प्रतिशत का इजाफा हो सकता है। इसी प्रकार पेंशनर की पेंशन में भी तगड़ा इजाफा होगा और पेंशन 21000 रुपये से ऊपर हो जाएगी।
