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New Expressway : दो राज्यों के बीच बनाया जाएगा नया एक्सप्रेसवे, मिल गई फाइनल मंजूरी

New Expressway - दो राज्यों के बीच कनेक्टिविटी को मजबूत करने के लिए सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। दरअसल आपको बता दें कि नए ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे (greenfiled expressway) को फाइनल मंजूरी मिल गई है। इस एक्सप्रेसवे के बनने से यात्रा आसान और तेज होगी, साथ ही व्यापार और विकास को भी बढ़ावा मिलेगा। दोनों राज्यों के लोगों को इसका सीधा फायदा मिलेगा... इससे जुड़ी पूरी डिटेल जानने के लिए खबर को पूरा पढ़ लें-

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New Expressway : दो राज्यों के बीच बनाया जाएगा नया एक्सप्रेसवे, मिल गई फाइनल मंजूरी

HR Breaking News, Digital Desk- (New Expressway) केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ने मध्य प्रदेश और राजस्थान को बड़ी सौगात दी है। शनिवार को विदिशा में आयोजित कार्यक्रम के दौरान उन्होंने दोनों राज्यों को जोड़ने वाले नए ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे (greenfiled expressway) की घोषणा की। यह एक्सप्रेसवे मध्य प्रदेश के सागर से राजस्थान के कोटा तक बनाया जाएगा। कोटा-विदिशा-सागर ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे (Kota-Vidisha-Sagar Greenfield Expressway) नाम की इस परियोजना पर करीब 16 हजार करोड़ रुपये खर्च होंगे।

कोटा-विदिशा-सागर ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे को मिली मंजूरी-

केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी (Union Minister Nitin Gadkari) ने कोटा-विदिशा-सागर ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे को मंजूरी देते हुए बताया कि इसका निर्माण करीब 16 हजार करोड़ रुपये की लागत से किया जाएगा। एक्सप्रेसवे के बन जाने के बाद कोटा से सागर तक का सफर काफी आसान और तेज हो जाएगा, साथ ही दोनों शहरों के बीच की दूरी करीब 75 किलोमीटर तक कम हो जाएगी। गडकरी ने यह भी कहा कि इस प्रोजेक्ट से भोपाल, कानपुर, लखनऊ (lucknow) और दिल्ली-मुंबई जैसे प्रमुख कॉरिडोर से जुड़ाव मजबूत होगा, जिससे मध्य प्रदेश और राजस्थान (rajasthan) के लोगों को सीधा लाभ मिलेगा।

एमपी को मिली बड़ी सौगात, 1 लाख करोड़ रुपये के नए प्रोजेक्ट्स को मिली मंजूरी-

केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने विदिशा में आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि मध्य प्रदेश के विकास के लिए 1 लाख करोड़ रुपये के नए प्रोजेक्ट्स को मंजूरी दी गई है, जिनकी जानकारी जल्द ही आधिकारिक वेबसाइट पर उपलब्ध कराई जाएगी। उन्होंने बताया कि राज्य में अब तक पूरे हो चुके और चल रहे प्रोजेक्ट्स की कुल लागत करीब 2 लाख करोड़ रुपये है। कार्यक्रम के दौरान गडकरी ने 181 किलोमीटर लंबी 8 सड़क परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया, साथ ही 4,400 करोड़ रुपये से अधिक की सड़क परियोजनाओं और ड्राइविंग ट्रेनिंग सेंटरों (Driving Training Centers) की सौगात भी दी।

गडकरी ने एमपी को दी बड़ी सौगातें-

- नसरुल्लागंज से रेती-बुदनी (Nasrullaganj to Reti-Budni) के बीच फोरलेन सड़क को मंजूरी दी गई है। गडकरी ने बताया कि पहले यहां टू-लेन सड़क के लिए करीब 1,000 करोड़ रुपये मंजूर किए गए थे, लेकिन अब अतिरिक्त 1,000 करोड़ रुपये और स्वीकृत कर एनएचएआई को फोरलेन सड़क के लिए डीपीआर (DPR) तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं।

- वन-टाइम इंप्रूवमेंट के तहत 50 परियोजनाओं के लिए करीब साढ़े 4 हजार करोड़ रुपये की मांग को नितिन गडकरी ने मंजूरी दे दी है। गोपालपुर-भेरूंदा रोड (Gopalpur-Bherunda Road) को लेकर उन्होंने कहा कि जैसे ही राज्य सरकार जमीन उपलब्ध कराएगी, वहां सीमेंट कंक्रीट की सड़क बनवाई जाएगी। इसके अलावा पुराने नेशनल हाईवे वाले मार्गों पर वन-टाइम इन्वेस्टमेंट के तहत व्हाइट टॉपिंग सड़क बनाने का भी ऐलान किया गया है।

- विदिशा में 4 हजार करोड़ रूपये से उत्तरी बायपास बनाने की घोषणा, गडकरी ने कहा कि विदिशा के दक्षिणी बायपास का अभी काम चल रहा है उसके उद्घाटन के लिए जरूर आऊंगा और तभी उत्तरी बायपास का भी भूमिपूजन कर दूंगा।

- ग्वालियर-भोपाल-नागपुर ग्रीन एक्सप्रेसवे (Gwalior-Bhopal-Nagpur Green Expressway) 40 हजार करोड़ की लागत से बनाया जाएगा। जिसे जल्द ही मंजूरी दी जाएगी। इसके बनने से कम से कम 8 घंटे का टाइम ग्वालियर से नागपुर तक के सफर में बचेगा।

- दो नेशनल हाईवे के बीच कनेक्टिविटी बनाने के लिए सिंरोज-बीना रोड (Sinroj-Bina Road) बनाया जाएगा, जिसकी लंबाई 57 किमी. है और इसे बनाने में 1200 करोड़ रुपये खर्च होंगे।

- सिंहस्थ के लिए उज्जैन-झालावाड़ फोरलेन (Ujjain-Jhalawar four-lane), 2500 करोड़ रुपये।

- बदनावर-टिमरनी रोड 1900 करोड़।

- झाबुआ के थांदला से दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेस (Delhi-Mumbai Express) वे से कनेक्टिविटी के लिए रोड बनाया जाएगा।