home page

Railway Budget : बजट से बदलेगी रेलवे की तस्वीर, दिल्ली समेत इन इलाकों में बिछेंगी नई रेलवे लाइन

Railway Budget 2026 : बजट में वित्त मंत्री की ओर रेलवे को लेकर कई अहम घोषणाएं की गई है। अब इन ऐलान के बाद राजधानी दिल्ली समेत कई इलाकों की तस्वीर बदलने वाली है, क्योंकि अब जल्द ही दिल्ली समेत कई इलाकों में नई रेलवे लाइन को बिछाने का काम किया जाएगा। इन नई रेलवे लाइन (Railway Budget  2026 )  को आधुनिक यात्री सुविधाओं के लिए बिछाया जाएगा।
 | 
Railway Budget : बजट से बदलेगी रेलवे की तस्वीर, दिल्ली समेत इन इलाकों में बिछेंगी नई रेलवे लाइन

HR Breaking News (Railway Budget) हर रोज लाखों यात्री ट्रेन में ट्रेवल करते हैं। अब हाल ही में पेश हुए यूनियन बजट में सरकार ने बजट में दिल्ली समेत कई इलाको से जुड़ी रेल परियोजनाओं पर खास फोकस किया है। अब देश की रेल तस्वीर पूरी तरह से बदले वाली है, क्योंकि अब जल्द ही दिल्ली समेत कई इलाकों में नई रेलवे लाइन (new railway line) को बिछाया जाने वाला है, जिससे लोगों का आवागमन सुगम होगा। आइए खबर के माध्यम से जानते हैं इस बारे में।


 
क्यों बजट में दिया किया रेलवे पर खास जोर


केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण (Nirmala Sitharaman ) ने आज 1 फरवरी को अपना 9वां बजट पेश कर दिया है। जानकारी के लिए बता दें कि NDA सरकार के लगातार तीसरी बार सत्ता में आने के बाद का ये दूसरा बजट है। बजट के भाषण में वित्त मंत्री ने क्लियर किया है कि सरकार ने भारत के विकास को देखते हुए ये ऐलान किया है। इस भाषण में सरकार ने खास लोगों की इनकम बढ़ाने, दूर के इलाकों तक विकास पहुंचाने और निर्णायक नीतियों के माध्यम से सुधार लागू करने पर फोकस दिया है। इस वजह से रेलवे के विकास पर खास फोकस किया गया है।


जानिए कौन सी है बजट 2026 में हुआ खास ऐलान 


बजट 2026 में जो खास  घोषणा की गई है, उनमे सबसे महत्तवपूर्ण ऐलान 7 नए हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर (New high-speed rail corridors) को लेकर हुआ है। अब इन कॉरिडोर के माध्यम से देश के बड़े औद्योगिक, व्यावसायिक और सांस्कृतिक केंद्र कनेक्ट होंगे और इन कॉरिडोर के रूट्स में जो नाम शामिल है, उनमे मुंबई-पुणे, पुणे-हैदराबाद, हैदराबाद-बेंगलुरु, हैदराबाद-चेन्नई, चेन्नई-बेंगलुरु, दिल्ली-वाराणसी और वाराणसी-सिलीगुड़ी शामिल हैं। इन रास्तों पर हाई-स्पीड ट्रेनें (high-speed trains)  चलाने का प्लान हैं, जिससे यात्रा का समय बच सकेगा।


हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर का मकसद 


बता दें कि हाई-स्पीड रेल कॉरिडोर का लक्ष्य (Target of high-speed rail corridor) बड़े शहरों के बीच मजबूत कनेक्टिविटी स्थापित करना है। इन कॉरिडोर के बनाए जाने से व्यापारिक गतिविधियां को बढ़ावा मिलेगा और रोजगार के अवसर मिलेंगे और खास तौर पर दिल्ली-वाराणसी और वाराणसी-सिलीगुड़ी जैसे कई रूटस तो उत्तर भारत और पूर्वोत्तर क्षेत्रों को मजबूती से कनेक्ट करेंगे।


रेलवे को कितना बजट किया अलोट


बजट में घोषणा की गई है कि फाइनेंशियल ईयर 2025-26 (Financial Year 2025-26)  के लिए रेलवे को 2,55,445 करोड़ रुपये का बजट अलोट किया है। यह रकम रेलवे के बुनियादी ढांचे, सुरक्षा और नई तकनीकों के विस्तार में खर्च होगी। अब सरकार रेलवे को अधिक सुरक्षित, आधुनिक बनाने का प्रयास कर रही है।

 

1,337 स्टेशनों को बनाया जाएगा आधुनिक 


बता दें कि वित्त मंत्री ने बजट में स्वचालित ट्रेन सुरक्षा प्रणाली (Automatic Train Protection System)  कवच के विस्तार के लिए अलोटमेंट बढ़ाया है, जिससे मानवीय गलती से जो रेल दुर्घटनाएं होती है, वो कम होंगी और अमृत भारत स्टेशन स्कीम के तहत देशभर के 1,337 स्टेशनों को आधुनिक बनाया जा रहा है, जिनमें से 1,197 स्टेशनों पर निर्माण का काम हो गया है। इन स्टेशनों पर यात्रियों की सुविधा और सुरक्षा के लिए वेटिंग स्पेस, साफ-सफाई और आधुनिक सुविधाएं भी दी जाने वाली है।


वंदे भारत ट्रेनों की होगी शुरुआत 


बता दें कि वित्त मंत्री की ओर से बजट 2026 में नई वंदे भारत ट्रेनों (Vande Bharat trains launched) की शुरुआत को लेकर ऐलान किया गया है। इसके साथ ही बुलेट ट्रेन प्रोजेक्ट के लिए 21,000 करोड़ रुपये का इन्वेस्टमेंट जारी रहेगा और साथ ही सरकार ने माल ढुलाई के लिए ऊर्जा गलियारों और ज्यादा भीड़भाड़ वाले रूट्स पर ट्रैक के दोहरीकरण और विद्युतीकरण पर खास फोकस किया है, जिससे लॉजिस्टिक्स लागत में कमी आएगी।


पिछले बजट में कितना बजट किया अलोट 


इससे पहले सरकार ने बीते वर्ष बजट 2024-25 (Budget 2024-25) में रेल मंत्रालय को 2,55,393 करोड़ रुपये जारी किए गए थे और तब ऊर्जा, खनिज और सीमेंट से जुड़े रेलवे कॉरिडोर का ऐलान किया गया था। बजट 2025-26 में इन प्रोजेक्ट को बेहतर क्रियान्वयन और हाई-स्पीड नेटवर्क (high-speed network) के विस्तार पर जोर दिया है, जिससे क्लियर हो गया है कि सरकार रेलवे के विकास को नई गति देने की कोशिश में हैं।