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Income Tax Rules : बच्चे ने की सोशल मीडिया से कमाई तो क्या लगेगा टैक्स, जानें आयकर के नियम

Income Tax Rules : आज के दौर में सोशल मीडिया अर्निंग का एक अच्छा साधन बन रहा है। बहुत लोगों के लिए सोशल मीडिया मुख्य रोजगार बन चुका है। अब तो बच्चे भी घर चलाने योग्य कमाई सोशल मीडिया से कर रहे हैं। ऐसे में सवाल आता है कि क्या बच्चों की आय पर टैक्स लगेगा। चलिए जानते हैं- 
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Income Tax Rules : बच्चे ने की सोशल मीडिया से कमाई तो क्या लगेगा टैक्स, जानें आयकर के नियम

HR Breaking News (Income Tax rules) भारत में आयकर के कानून काफी स्पष्ट होते हुए भी काफी पेचिदा हैं। लोग हमेशा ही नियमों को लेकर कन्फयूजन में रहते हैं। भारत में लीगल तौर पर बच्चे मजदूरी नहीं कर सकते तो बच्चों की आय का सवाल ही पैदा नहीं होता था। परंतु, अब सोशल मीडिया (social media income) के दौर में बच्चे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म से अर्निंग करते हैं जो किसी मजदूरी में नहीं आती है। ऐसे में यह भी सवाल आ रहे हैं कि इस अर्निंग पर इनकम टैक्स का क्या प्रावधान है। 

 

बाल मजदूरी की श्रेणी से है बाहर


बच्चों की इनकम का मामला बाल मजदूरी में खेती और फैक्टरी टाइप काम में आता है। हालांकि कुछ लोगों का मानना है कि बच्चों को सोशल मीडिया (tax on social media income) से दूर रखना चाहिए, ताकी यूथ पढ़ लिख कर भविष्य में देश के लिए कुछ कर सके। वहीं, किडफ्लुएंसिंग की तरफ आज के समय में बच्चे लगातार आकर्षित हो रहे हैं और यह बाल मजदूरी से बाहर है। 

 


क्या कहता है आय पर कानून


बच्चे यूट्यूब, फेसबुक, इंस्टाग्राम जैसे प्लेटफॉर्म  से लगातार कमाई कर रहे हैं। कम उम्र के बच्चे लाखों में आय उठा रहे हैं। इसपर भी आय को लेकर नियम लागू होते हैं। यह मजदूरी में नहीं आता, लेकिन बिजनेश में आता है। 


2 कैटेगरी में आती यह कमाई


आयकर को लेकर जो नियम बनाए गए हैं, इसमें इनकम टैक्स कानून (income tax rules) के तहत बच्चों की कमाई को 2 कैटेगरी में आती है। पहली आय होती है अर्जित और दूसरी होती है अनर्जित आय। बच्चा अगर सोशल मीडिया साइट या किसी बिनजेस से पैसे कमाता है तो तो यह अर्जित आय बनेगी। लेकिन अगर उसके नाम पर किसी घर, प्रॉपर्टी या बिजनेस से इनकम हो रही है, तो ये अनर्जित इनकम मानी जाती है।

कौन भरेगा बच्चों का टैक्स


देश में आयकर (Income tax rules update) के सेक्शन 10(32) के अनुसार, अगर कोई बच्चा 1500 रुपये सालाना कमाता है तो कमाई टैक्स फ्री होती है। वहीं, अगर कोई बच्चा 1500 रुपये से ज्यादा कमाता है तो इनकम टैक्स नियम के सेक्शन 64(1A) के अनुसार टैक्स लगेगा। यह आय उनके मां बाप की आय के साथ जुड़ जाएगी। माता पिता में जो ज्यादा कमाता होगा उनमें जिसकी आय ज्यादा होगी उसकी आय में बच्चे की इनकम जुड़ जाएगी।  


अन्य परिस्थियों में क्या होगा


माता पिता का तलाक हो गया है तो बच्चे की कमाई किसकी कमाई में जुड़ेगी तो इसका सीधा सा जवाब है कि जो भी बच्चे की कस्टडी लेगा, उसी की इनकम में यह आय जुड़ेगी। वहीं, इसमें बच्चा बीमार या डिसेबिलिटी का शिकार है और डिसेबिलिटी पर्सेंटेज 40% से ज्यादा है, तो बच्चे की कमाई पेरेंट्स की आय में नहीं जुड़ेगी। यानी यहां पर छूट मिल जाएगी। 


टैक्स बचाने के कई हैं नियम


अगर सोशल मीडिया से बच्चों की कमाई हुई है तो इसपर टैक्स बचाने के लिए इनकम टैक्स एक्ट की धारा 64(1A) के तहत सालाना 1,500 की टैक्स छूट ली जा सकती है। साथ में इसको कमर्शियल खर्च को कम कर सकते हैं। मोबाइल, कैमरा, इंटरनेट इसमें जोड़ सकते हैं। साथ में सही ITR (16021 कोड) भरनी होगी।