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हरियाणा में यहां है शहीदों का मंदिर हो रोज होती है पूजा-अर्चना

यमुनानगर। यमुनानगर जिले के गुमथला गांव में शहीदों का मंदिर है। मंदिर में भगत सिंह, राजगुरु, उधम सिंह, लाला लाजपत राय की प्रतिमाओं के अलावा भारत माता की भी भव्य प्रतिमा मंदिर में स्थापित है। साथ ही चंद्रशेखर आजाद, नेता जी सुभाष चंद्र बोस, अश्फाक उल्ला खां जैसी विभूतियों की प्रतिमाएं भी बनकर तैयार हैं,
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हरियाणा में यहां है शहीदों का मंदिर हो रोज होती है पूजा-अर्चना

यमुनानगर। यमुनानगर जिले के गुमथला गांव में शहीदों का मंदिर है। मंदिर में भगत सिंह, राजगुरु, उधम सिंह, लाला लाजपत राय की प्रतिमाओं के अलावा भारत माता की भी भव्य प्रतिमा मंदिर में स्थापित है। साथ ही चंद्रशेखर आजाद, नेता जी सुभाष चंद्र बोस, अश्फाक उल्ला खां जैसी विभूतियों की प्रतिमाएं भी बनकर तैयार हैं, जो शीघ्र ही स्थापित होने जा रही हैं। मंदिर में 150 से अधिक अमर बलिदानियों के हस्‍तनिर्मित (चित्र) भी शोभायमान हैं। साथ ही, इनका परिचय और इतिहास भी दिया गया है ताकि युवा इनसे प्रेरणा ले सकें और देश के शहीदों के बारे में जान सके। मंदिर में न केवल विशेष अवसर पर, यहां प्रतिदिन सुबह-शाम नियमित रूप से पूजा की जाती है। इस आस्था को देखते हुए राज्य सरकार एक एकड़ भूमि देकर भवन को विस्तार देने में सहयोग कर रही है।

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मंदिर की स्थापना में मुख्य भूमिका निभाने वाले स्थानीय निवासी एडवोकेट वरयाम सिंह ने बताया कि उन्होंने अपने साथियों के साथ मिलकर पांच दिसंबर 2001 को शहीद भगत सिंह की प्रतिमा स्थापित कर इस मंदिर की स्थापना की थी।  इसके बाद एक-एक कर अन्य प्रतिमाएं स्थापित की गईं और ये सिलसिला अब तक जारी ही है। अनेक बलिदानियों के पोर्टेट तैयार कर मंदिर में रखे गए।  उनके बारे में, उनके योगदान के बारे में संक्षिप्त परिचय भी बताया गया है। उनका प्रयास है कि सभी की प्रतिमाएं एक-एक कर स्थापित की जाएं। मंदिर के प्रति आमजन की आस्था को देखते हुए अब सरकार भी सहायता के लिए आगे आई है।

इस मंदिर में सुबह-शाम बलिदानियों की पूजा तो होती ही है, साथ ही इनकी जयंती और बलिदान दिवस भी श्रद्धा सहित मनाए जाते हैं। शहीदों की देशभक्ति, बहादुरी और शौर्य की गाथा का गुणगान किया जाता है। क्षेत्र के सभी स्कूलों के बच्चे भी यहां हर रोज आते हैं और बड़ी ही रुचि से बलिदानियों की गाथा को पढ़ उन्हें याद करते हैं।