हिसार-बठिंडा रेलवे ट्रैक के 5 फाटक हटाकर बनाए जाएंगे RUB, 35 करोड़ होंगे खर्च
HR Breaking News (Hisar News) : हिसार-बठिंडा रेलखंड (Hisar-Bathinda railway line) पर सफर करने वाले वाहन चालकों के लिए राहत की खबर है। रेलवे ने ऐसे पांच मैन्युअल रेलवे फाटकों (railway fatak htayi jayegi) को खत्म करने की तैयारी की है। जहां ट्रेन गुजरने के दौरान यातायत को बार-बार रोकना पड़ता है। इन क्रॉसिंग की जगह अब रोड अंडर ब्रिज (hisar railway news) बनाए जाएंगे। इसके लिए रेलवे ने करीब 35 करोड़ रुपए खर्च होने का अनुमान लगाया है। आरयूबी बनने के बाद वाहन रेलवे लाइन के नीचे से गुजर सकेंगे और ट्रेनों का संरक्षण ऊपर से जारी रहेगा।
फाटक बंद होते ही दोनों तरफ लगती है वाहनों की कतार
मैन्युअल रेलवे क्रॉसिंग (railway yha bnayega RUB) पर ट्रेन के आने से पहले सुरक्षा कारणों से फाटक बंद कर दिया जाता है। इसके बाद सड़क पर चल रहा यातायत रुक जाता है। ट्रेन के गुजरने और फाटक खुलने तक दोनों तरफ वाहनों की कतार लग जाती है। व्यस्त समय में इसका असर ज्यादा दिखाई देता है। कई बार वाहन चालकों को फाटक खोलने के लिए काफी देर तक इंतजार करना पड़ता है। आरयूबी बनने के बाद सड़क यातायात को ट्रेन के संचालन से अलग कर दिया जाएगा। जिससे यह समस्या खत्म होगी।
यहां-यहां बनेगे आरयूबी (yha bnege RUB)
रेलवे की योजना (railway yojna hisar) में हिसार-बठिंडा रेलखंड के पांच मैन्युअल फाटक शामिल किए गए हैं। फाटक नंबर 102 न्यौली कलां रेलवे स्टेशन के पास है। वहीं फाटक नंबर 118 सूलि खेड़ा और आदमपुर के बीच स्थित है। इसके अलावा फाटक नंबर 125, 134 और 138 सिरसा क्षेत्र में आते हैं। इन सभी स्थानों पर मौजूद क्रॉसिंग की जगह आरयूबी बनाए जाने की योजना है।
हादसे का खतरा होगा कम
मैन्युअल रेलवे फाटक (railway fatak) पर सड़क और रेल यातायत एक स्थान से गुजरता है। ऐसे में फाटक बंद होने के बावजूद जल्दबाजी में ट्रैक पार करने की कोशिश दुर्घटना का कारण बन सकती है। आरयूबी बनने के बाद वाहनों को रेलवे ट्रैक से सीधा संपर्क खत्म हो जाएगा। इससे क्रॉसिंग पर हादसे कम होगे और समय की भी बचत रहेगी।