हिसार में दो और डिविजन बनाने का प्रस्ताव तैयार, बरवाला और कैंट सूची में
Hisar News : बिजली उपभोक्ताओं के बढ़ने से बिजली ढांचे पर भी दबाव बढ़ गया है। विभाग की और से जिले में दो डिविजन बनाने का प्रस्ताव तैयार किया गया है। इनमें बरवाला और कैंट सूची में शामिल है।चलिए जानतें हैं इसके बारे में विस्तार से।
HR Breaking News (Hisar News) : बिजली कनेक्शन (electricity connection news) की लगातार बढ़ती संख्या के बीच हिसार सर्कल में बिजली निगम का मौजूदा ढांचा कम पड़ने लग गया है। बीते 2 सालों में करीब 40000 नए उपभोक्ता जुड़ने से कुल कनेक्शन की संख्या 4.66 लाख के पार पहुंच गई है। इसके बावजूद सर्कल में बिजली से जुड़े कामकाज के लिए केवल तीन डिवीजन हिसार सिटी, हिसार सिविल लाइन और हांसी के भरोसे व्यवस्था चल रही है। ऐसे में अधिकारियों और कर्मचारियों पर काम का दबाव बढ़ रहा है। बिजली आपूर्ति से लेकर नए कनेक्शन बिलिंग और शिकायतों के निपटारे तक का काम सुचारू रखने के लिए निगम ने दो नई डिवीजन बनाने का प्रस्ताव तैयार किया है।
यहां बनाई जाएगी डिविजन (hisar mein banegi bijli division)
प्रस्ताव के तहत बरवाला (hisar mein do aur bijali division bnegi) और हिसार कैंट में नई डिवीजन गठित की जानी है। बिजली निगम के ऐसई अविनाश यादव के अनुसार दोनों डिवीजन का प्रस्ताव मंजूरी के लिए मुख्यालय भेज दिया गया है। स्वीकृति मिलने के बाद आगे की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। नए डिवीजन बनाने के बाद संबंधित क्षेत्र के उपभोक्ताओं को अपने बिजली संबंधित काम के लिए बेहतर सुविधा उपलब्ध होगी।
इन सब डिविजनों को डिविजन से जोड़ने की योजना
बरवाला डिवीजन (barwala division news) के अंतर्गत बरवाला, उकलाना, बाड़ोपट्टी, अग्रोहा, और खेड़ी चोपट सब डिवीजन को शामिल करने की योजना है। वहीं हिसार कैंट डिवीजन में सातरोड, गंगवा, सिसाय और उमरा सब डिवीजन को शामिल करने का प्रस्ताव है। इससे बिजली निगम के कामकाज का कई हिस्सों में बंटवारा हो सकेगा और मौजूदा डिवीजन पर निर्भरता कम होगी।
सर्कल वाइज जानिए हिसार सर्कल में कनेक्शन
बिजली निगम (hisar bijali nigam news) के आंकड़ों के अनुसार हिसार सर्कल में घरेलू बिजली कनेक्शन की संख्या 385656 है। इसके अलावा गैर घरेलू कनेक्शन की संख्या 52181, एग्रीकल्चर कनेक्शन 23040, एलटी इंडस्ट्रीज 344 कनेक्शन, एचटी इंडस्ट्रीज के 588 कनेक्शन है। इस तरह कुल कनेक्शन की संख्या 466911 हो गई है। उपभोक्ताओं की संख्या बढ़ने के साथ बिजली सेवाओं का दायरा भी बढ़ा है। ऐसे में मौजूद जो संसाधन है उनसे संबंधित क्षेत्र में समय पर सेवाएं देना चुनौती बन रहा है।
हांसी में अलग सर्कल बनाने की मांग
हांसी को (hisar me Bijli connection ki sankhya) अलग जिला बनाए जाने के बाद वहां बिजली निगम का अलग सर्कल बनाने की मांग भी उठ रही है। हरियाणा पावर इंजीनियर्स एसोसिएशन के महासचिव रविंद्र घणघस का कहना है कि बेहतर बिजली सेवाओं के लिए नए डिवीजन गठित करने के साथ कर्मचारियों की भर्ती करना भी जरूरी है। उनके अनुसार वर्ष 1981 में बिजली निगम में प्रदेश स्तर पर 50000 से अधिक अधिकारी और कर्मचारी थे। जबकि अब ये संख्या करीब 40000 रह गई है। इसमें लगभग 15000 कर्मचारी कच्चे हैं।
वित्त विभाग ने 2020 में दी थी मंजूरी
वहीं दूसरी ओर बिजली कनेक्शन बढ़ने के साथ जगमग योजना के तहत 24 घंटे बिजली आपूर्ति की जिम्मेदारी भी बढ़ी है। बिजली निगम में बढ़ते उपभोक्ता और काम के दबाव को देखते हुए वर्ष 2019 में डिविजनों की पुनर्गठन के लिए सर्वे किया गया था। इसके बाद वर्ष 2020 में वित्त विभाग ने 24 नए डिवीजन बनाने को मंजूरी दी थी लेकिन अब तक इनमें से 4 डिविजन ही बन पाई है।
मामला संज्ञान में
कैबिनेट मंत्री रणबीर गंगवा ने कहा कि बरवाला और हिसार कैंट में डिविजन बनाने की प्रक्रिया उनके संज्ञान में है। इस संबंध में बिजली निगम में अधिकारियों से बातचीत कर जल्द डिवीजन गठित करने करवाने का प्रयास किया जाएगा।