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Haryana में बिछाई जाएगी 130 किलोमीटर लंबी नई रेलवे लाइन, कई जिलों को होगा फायदा

Haryana New Railway Line : हरियाणा राज्य में रेलवे नेटवर्क को बढ़ाने के लिए सरकार अब लगातार नई-नई रेलवे लाइन बिछा रही है। हाल ही में सरकार ने हरियाणा में 130 किलोमीटर लंबी नई रेलवे लाइन बिछाने का ऐलान किया है। इससे कई जिलों को बेहतर कनेक्टिविटी मिलेगी और सफर आसान और तेज होगा। आईये नीचे खबर में जानते हैं नई रेलवे लाइन किस रूट पर बनाई जाएगी। 
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Haryana में बिछाई जाएगी 130 किलोमीटर लंबी नई रेलवे लाइन, कई जिलों को होगा फायदा

HR Breaking News - (New Railway Line)।  हरियाणा राज्य के विकास को रफ्तार देने के लिए सरकार कई बड़ी परियोजनाएं लेकर आई है। अब हरियाणा वालों के लिए एक खुशखबरी है। सरकार ने नई रेलवे लाइन बिछाने की घोषणा की है। हरियाणा ऑर्बिटल रेल कॉरिडोर (HORC) न केवल हरियाणा बल्कि कई जिलों को आपस में कनेक्ट करेगा। दिल्ली के चारों ओर एक Industrial Rail Ring बनाकर पूरे NCR के लिए सफर आसान होगा और व्यापार, उद्योग और रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे। 


20 गांवों से होकर गुजरेगा कॉरिडोर - 


बता दें कि यह कॉरिडोर (Rail Corridor) खरखौदा और इसके आसपास के 20 गांवों से होकर गुजरेगा। इसमें किड़ौली, पाई, पिपली, थाना कलां, पहलादपुर, बरोणा, गोपालपुर, तुर्कपुर, मंडोरी, मल्हामाजरा, छतेहरा बहादुरपुर, मंडोरा, नाहरा, जगदीशपुर, हरसाना खुर्द, नसीरपुर बांगर,  हरसाना कलां और अकबरपुर बारोटा हैं। नया कॉरिडोर बनाने के लिए यहां भूमि अधिग्रहण (Land acquisition) का काम पूरा हो चुका है।


130 किलोमीटर लंबी बिछाई जाएगी रेलवे लाइन - 

हरियाणा ऑर्बिटल रेल काॅरिडोर (Haryana Orbital Rail Corridor) की लंबाई लगभग 130 किलोमीटर है। यह पलवल से शुरू होकर सोहना, मानेसर, बहादुरगढ़, खरखौदा होते हुए सोनीपत तक जाएगा। मानेसर से पाटली तक प्राथमिकता खंड में कार्य चल रहा है, वहीं सोनीपत और झज्जर में जमीन अधिग्रहण का काम पूरा हो चुका है।


बनाए जाएंगे 2 रेलवे फ्लाईओवर और 153 अंडरपास 


रेल लाइन (railway line) दोहरी होगी और इस पर यात्रियों के साथ-साथ मालगाड़ियों भी रफ्तार भरेगी। इस प्रोजेक्ट में 2 रेलवे फ्लाईओवर और कुल 153 अंडरपास का निर्माण किया जाएगा। जिससे सड़क और रेल यातायात के बीच तालमेल बना रहेगा।


हरसाना कलां में बनाया जाएगा नया जंक्शन -

रेल कारिडोर को दिल्ली-पानीपत मेन लाइन से कनेक्ट करने के लिए हरसाना कलां में एक नया जंक्शन बनाया जाएगा। यहीं से यह रेल मार्ग पारंपरिक नेटवर्क में शामिल होगा। इसके साथ ही जिले में पिपली और तुर्कपुर में नए रेलवे स्टेशन (new railway station) का निर्माण किया जाएगा। यहां से स्थानिय लोग आसानी से अपने गंतव्य तक पहुचं पाएंगे। 

खरखौदा में विकसित हो रहा इंडस्ट्रियल माॅडल टाउनशिप - 


खरखौदा के विकास को पंख लगने वाले हैं। यहां पर पहले से ही इंडस्ट्रियल मॉडल टाउनशिप (IMT) विकसत हो रहा है जो केएमपी एक्सप्रेसवे (KMP Expressway) और राष्ट्रीय राजमार्ग 334B व 334P से जुड़ा है। अब ऑर्बिटल रेल कॉरिडोर का जुड़ाव इस क्षेत्र को लाॅजिस्टिक हब (Logistic Hub) में बदल सकता है। Maruti-Suzuki जैसी आटोमोबाइल कंपनियों के लिए यह रेल मार्ग कच्चे माल की आवक और तैयार माल की देश-विदेश में आपूर्ति के लिए एक बड़ा जरिया बनेगा। यह रेल काॅरिडोर सड़क के साथ-साथ रेल की ताकत भी इस इंडस्ट्रियल क्षेत्र को देगा, जिससे उद्योगों को मल्टी-माडल ट्रांसपोर्ट की सुविधा उपलब्ध होगी।


नई रेलवे लाइन इन औद्योगिक क्षेत्र के विकास की बनेगी रीढ़ -

नई रेलवे लाइन बनने से केवल सोनीपत को ही नहीं बल्कि गुरुग्राम, मानेसर, फर्रुखनगर, बहादुरगढ़, सोहना जैसे कई बड़े इंडस्ट्रियल बेल्ट भी इससे प्रभावित होंगे। अपने समय में तत्कालीन मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने भी विधानसभा सत्र में इस प्रोजेक्ट को हरियाणा के औद्योगिक विकास की रीढ़ बताया था, वहीं मुख्यमंत्री नायब सैनी (CM Nayab Saini) भी इस प्रोजेक्ट को क्षेत्र के विकास के लिए महत्वपूर्ण बता चुके हैं।


नई रेलवे लाइन पर बनाए जाएंगे 20 स्टेशन - 


केएमपी एक्सप्रेसवे (KMP Expressway) के पैरलल तैयार किए जा रहे ऑर्बिटल रेल काॅरिडोर (Orbital Rail Corridor) में सोनीपत से पलवल रेल लाइन पर मानेसर, पाटली, सुल्तानपुर, न्यू पाटली, पंचगांव, चंदला डूंगरवास, धूलावत, मांडौठी जंक्शन, IMT सोहना, सिलानी, पृथला, बाढ़सा, देवरखाना, बादली, पिपली, आसौदा, न्यू आसौदा, जसौर खेड़ी, न्यू हरसाना कलां और तारकपुर रेलवे स्टेशन का निर्माण किया जाएगा।

रेल कॉरिडोर से कनेक्टिविटी होगी मजबूत - 
 


दिल्ली के चारों ओर पहले से मौजूद वेस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे (Western Peripheral Expressway) के समानांतर यह रेल काॅरिडोर तैयार किया जा रहा है। यह सड़क और रेल के समन्वय से ट्रांसपोर्ट की नई परिभाषा तय करेगा। भारी वाहनों का दिल्ली में प्रवेश रोका जा सकेगा और माल की ढुलाई कुशलतापूर्वक एक सिरे से दूसरे सिरे तक की जा सकेगी।