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Indian Railways: इस 'कोटा' से मिलेगा ट्रेन का कन्फर्म टिकट, आम आदमी भी उठा सकता है फायदा, 90 प्रतिशत लोग नहीं जानते ये बात

How to book confirm ticket: कभी ना कभी हर किसी को अचानक ट्रैन टिकट बुक करनी पड़ती है पर आखिरी मौके पर टिकट कन्फर्म होना काफी मुश्किल होता है। अक्सर ऐसा माना जाता है कि सिर्फ VVIP, नेता-मंत्रियों के टिकट (train ticket quota) ही कोटे से तुरंत कन्फर्म होती है। लेकिन आपको बता दें, ऐसा नहीं है, रेलवे में और भी कई कोटे हैं, जिनके इस्तेमाल करके आम आदमी भी कन्फर्म ट्रैन टिकट बुक (confirm ticket tricks) कर सकता है लेकिन ज्यादातर लोगों को इसके बारे में जानकारी नहीं होती है। आइए विस्तार से जानते है इनके बारे में-
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HR Breaking News, Digital Desk- ट्रेन से सफर करना है, लेकिन टिकट कन्फर्म नहीं है। अचानक ट्रेन का टिकट चाहिए, लेकिन वेटिंग लंबी है। तत्काल टिकट बुकिंग (Tatkal Ticket booking) करने गए और मिनटों में टिकट बुक हो गए। ऐसी ही कुछ दिक्कतों का सामना ट्रेन टिकट बुकिंग के वक्त करना पड़ता है। हालांकि, रेलवे लगातार टिकट सिस्टम (Confirm Ticket booking) को मजबूत बनाने की कोशिश कर रहा है। फिर भी 2-3 महीने पहले टिकट करवाने वाले मुसाफिरों को टिकट में वेटिंग ही मिलती है। ऐसे में क्या करें?

वेटिंग टिकट को कन्फर्म (How to confirm waiting ticket) कराया जा सकता है। रेलवे में लगने वाले कोटे के जरिए टिकट कन्फर्म हो सकती है। लेकिन, ज्यादातर लोग इस बात को मानते हैं कि सिर्फ VVIP, नेता-मंत्रियों के टिकट ही कोटे से (Train ticket booking) कन्फर्म होते हैं। ऐसा नहीं है, रेलवे में ऐसे कई कोटे हैं, जिनके इस्तेमाल से आम आदमी का टिकट भी कन्फर्म हो सकता है।

कैसे मिलता है कन्फर्म टिकट

 

आम यात्री भी इन कोटे (Railway Quota) के तहत रिजर्वेशन करवाकर ट्रेन में कंफर्म टिकट पा सकते हैं। सामान्य प्रक्रिया के तहत रिजर्वेशन करवाने पर जो नियम लागू होते हैं, वही नियम कोटा के तहत रिजर्वेशन करवाने के लिए भी हैं। आप जिस भी कोटा की कैटेगरी (IRCTC Ticket booking ) में आ रहे हैं, उससे रिलेटेड डॉक्युमेंट्स प्रूफ के तौर पर जमा करना होते हैं।

 

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अलग-अलग कोटा के तहत ऑनलाइन भी बुकिंग (Train Ticket online booking) करवाई जा सकती है। कुछ श्रेणियों में रेलवे टिकट पर कन्सेशन भी देता है। गंभीर बीमारी जैसे कैंसर या इससे तरह की दूसरी बीमारी वाले यात्रियों के लिए भी कोटा होता है।

HQ: हाई ऑफिशल या हेडक्वॉर्टर कोटा

  • किसे मिलता है- रेल अधिकारी, ब्यूरोक्रेटस, हाई रैंक ऑफिसर्स और अन्य VIPs को इस कोटे के तहत यात्रा की छूट होती है। (IRCTC tricks) 

  • क्या चाहिए होगा- संबंधित पद पर होने का प्रूफ देना होता है। यह कोटा पहले आओ, पहले पाओ और सीनियरटी के आधार पर मिलता है।

SS: सीनियर सिटीजन कोटा

  • किसे मिलता है- सीनियर सिटीजन कोटा (Senior Citizen Quota) 60 साल से ऊपर के पुरुष या 58 साल से ऊपर की महिला यात्री को दिया जाता है।

  • क्या चाहिए होगा- इस कोटे के लिए यात्री को अपना बर्थ या सीनियर सिटीजन सर्टिफिकेट जमा कराना होगा।

 

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FT: फॉरेन टूरिस्ट कोटा

  • किसे मिलता है- विदेशों से आए लोगों को यह कोटा दिया जाता है। (Confirm ticket guarantee) 

  • क्या चाहिए होगा- पासपोर्ट, वीजा और उनके देश का आईडी प्रूफ।

DF: डिफेंस कोटा

  • किसे मिलता है- आर्मी (नेवी, एयरफोर्स और थल सेना) सीआरपीएफ जैसी कोई भी स्पेशल फोर्स या भारतीय डिफेंस सर्विसेज के वर्तमान या रिटायर्ड कर्मचारियों को यह कोटा मिलता है।

  • क्या चाहिए होगा- डिफेंस आईडी प्रूफ और नंबर या वारंट या फॉर्म डी।

PH: पार्लियामेंट हाउस कोटा

  • किसे मिलता है- पार्लियामेंट सदस्यों को यह कोटा मिलता है। केंद्र या राज्य सरकारों के मंत्री। सुप्रीम कोर्ट और हाई कोर्ट के जज और (Train ticket quota) विधायक भी इस कोटे में सफर कर सकते हैं।

  • क्या चाहिए होगा- पद से संबंधित सरकार द्वारा जारी हुआ आईडी कार्ड या सर्टिफिकेट।

LD: लेडीज कोटा

  • किसे मिलता है- 45 साल से ज्यादा उम्र की महिला। प्रेगनेंट महिला के केस में उम्र की पाबंदी नहीं। (ticket booking tips) 

जिन ट्रेनों में लेडीज कोटे के तहत 6 या उससे ज्यादा सीट होती है। उनमें उम्र की पाबंदी नहीं रहती।

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HP: हैंडिकैप कोटा

  • किसे मिलता है- 40% या उससे ज्यादा प्रतिशत वाले फिजिकली हैंडिकैप यात्रियों को यह कोटा दिया जाता है। (handicap train quota) 

  • क्या चाहिए होगा- रेलवे की ओर से जारी किया गया हैंडिकैप सर्टिफिकेट।

इस कोटे के तहत ट्रेनों में प्रति कोच न्यूनतम 2 सीट हैंडिकैप्स के लिए होती है। इस कोटे में टिकट कराने पर 75 फीसदी तक कम किराया लगता है।

DP: ड्यूटी पास कोटा

  • किसे मिलता है- सिर्फ ऑफिशियल काम के लिए ट्रैवल करने वाले रेलवे कर्मचारियों को यह कोटा मिलता है।

  • क्या चाहिए होगा- पास की कॉपी और ऑन ड्यूटी प्रूफ।

क्लासवाइज 1AC, एक्जीक्यूटिव क्लास चेयर कार, 2AC, 3AC, चेयरकार, स्लीपर, और सेकंड स्लीपर में क्रमश: 4, 4, 6, 16, 4, 20 और 20 सीटें इस कोटे के तहत अधिकतर ट्रेनों में होती हैं।

RS: रोड साइड या रिमोट लोकेशन कोटा

बड़े स्टेशनों के बीच जो स्टेशन कंप्यूटराइज्ड नेटवर्क (Railways ticket Rules) से न जुडे़ हों वहां इस कोटे में रिजर्वेशन होता है। अधिकतर एक्सप्रेस और मेल ट्रेनों में इस कोटे के तहत अलग से सीटें रहती हैं।

RE: रेल एम्प्लाई या प्रिविलेज कोटा

  • किसे मिलता है- रेल कर्मचारियों और उनके परिवार को नॉन ऑफिशियल यात्रा के लिए।

  • क्या चाहिए होगा- रेलवे पास या प्रिविलेज पास की कॉपी।

YU: युवा कोटा

  • किसे मिलता है- 15 से 45 साल के बीच के बेरोजगार लोगों को।

  • क्या चाहिए होगा- बर्थ सर्टिफिकेट, नरेगा के तहत या सरकारी एम्प्लॉयमेंट एक्सचेंज की तरफ से जारी किया गया सर्टिफिकेट। देश में कई रूट्स पर इस कोटे वाली युवा एक्सप्रेस ट्रेनें चल रही हैं।