PF ट्रांसफर करने का तरीका हुआ आसान, कर्मचारियों के लिए बड़ी राहत
PF - प्राइवेट सेक्टर में काम करने वाले कर्मचारियों के लिए राहत की खबर है। EPFO ने पीएफ ट्रांसफर की प्रक्रिया को पहले से ज्यादा आसान बना दिया है। खासतौर पर विदेश में काम करने वाले कर्मचारियों को इससे बड़ा फायदा मिलेगा, क्योंकि अब फंड ट्रांसफर से जुड़ी कई जटिलताएं कम हो जाएंगी-
HR Breaking News, Digital Desk- (Employees Update) प्राइवेट सेक्टर में काम करने वाले कर्मचारियों के लिए नौकरी बदलने के बाद पीएफ की रकम निकालना या ट्रांसफर कराना अक्सर आसान नहीं होता, खासकर तब जब कर्मचारी भारत से बाहर नौकरी के लिए जा रहे हों। लेकिन अब यह प्रक्रिया पहले से काफी सरल हो गई है। दरअसल, EPFO ने EPF राशि के ट्रांसफर की प्रक्रिया को आसान कर दिया है।
कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) ने अंतरराष्ट्रीय कर्मचारियों के विदेशी बैंक खातों में भविष्य निधि (PF) की राशि ट्रांसफर करने की प्रक्रिया को आसान बनाने के लिए संशोधित दिशानिर्देश जारी किए हैं। इस कदम का मकसद टैक्स से जुड़ी परेशानियों को कम करना और पीएफ ट्रांसफर की पूरी प्रक्रिया को अधिक सरल व सुव्यवस्थित बनाना है।
कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) ने 18 मार्च को एक नया निर्देश जारी किया है। इसका उद्देश्य उन देशों में काम कर रहे इंटरनेशनल कर्मचारियों (International Employees) और उनके लाभार्थियों के लिए भविष्य निधि और पेंशन लाभों के ट्रांसफर की प्रक्रिया को आसान बनाना है, जिन देशों के साथ भारत का सामाजिक सुरक्षा समझौता (SSA) है।
कंप्लायंस से जुड़ी समस्याएं होंगी कम-
इस अपडेटेड प्रक्रिया का मकसद नियोक्ताओं के लिए कंप्लायंस से जुड़ी दिक्कतों को कम करना और कर्मचारियों के लिए फंड ट्रांसफर (transfer) को अधिक आसान और तेज बनाना है। खास तौर पर इसमें टैक्स (tax) से जुड़े फॉर्म 15CA और फॉर्म 15CB को फाइल करने में आने वाली परेशानियों को दूर किया गया है, जो अब तक एक बड़ी प्रशासनिक चुनौती बनी हुई थीं।
SSA देशों के बैंक खातों में ही भुगतान संभव-
18 मार्च, 2026 को जारी सर्कुलर के अनुसार EPFO ने अपने दृष्टिकोण में बदलाव किया है। इसके तहत अब इंटरनेशनल कर्मचारियों के विदेशी बैंक खातों (Foreign bank accounts of employees) में सीधे भुगतान की अनुमति दी जाएगी, लेकिन यह सुविधा केवल उन्हीं देशों के लिए होगी, जिनके साथ भारत का सामाजिक सुरक्षा समझौता (SSA) लागू है। यानी गैर-SSA देशों के बैंक खातों में भुगतान की अनुमति नहीं होगी।
इंटरनेशनल वर्कर्स को अपने विदेशी बैंक खाते की जानकारी को बैंक स्टेटमेंट (bank statement) या पासबुक के माध्यम से प्रमाणित करना होगा, जो नियोक्ता या किसी सक्षम SSA प्राधिकारी द्वारा सत्यापित हो।
दिल्ली का यह दफ्तर बनेगा नोडल ऑफिस-
दिल्ली (उत्तर) स्थित क्षेत्रीय कार्यालय को नोडल ऑफिस बनाया गया है। यह कार्यालय EPFO से जुड़े मामलों में Form 15CA सहित अन्य कर फॉर्म भरने और Form 15CB प्राप्त करने की प्रक्रिया को संभालेगा। GFR के प्रावधानों के तहत इन कार्यों के प्रबंधन के लिए एक समर्पित चार्टर्ड अकाउंटेंट की नियुक्ति भी की जाएगी।
दावों का निपटारा करने वाले क्षेत्रीय कार्यालयों (ROs) के लिए यह अनिवार्य किया गया है कि टैक्स की कटौती पूरी तरह सही हो और इसके लिए आवश्यक सभी प्रक्रियात्मक बदलाव समय पर किए जाएं।
