अब नेशनल हाईवे पर गाड़ी चलाने वाले हो जाएं सावधान, प्रशासन ने कर दिया ये काम
अब नेशनल हाईवे पर गाड़ी दौड़ाना आपको भारी पड़ने वाला है। इसके लिए प्रशासन की और से पुख्ता प्रबंध कर लिए गए हैं। आईये जानते हैं प्रशासन की पूरी रणनीति क्या है।
HR BREAKING NEWS (हरियाणा ब्यूरो)। राष्ट्रीय राजमार्ग-44 (जीटी रोड National Highway-44 ) पर 105 से ज्यादा रफ्तार में गाड़ी चलाई तो चालान घर पहुंचेगा। अंबाला के शंभू बॉर्डर (Shambhu Border) से लेकर सोनीपत के कुंडली बॉर्डर (kundli border) तक 186 किलोमीटर के सफर में 20 जगह उच्च क्षमता के 200 सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं।
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इस तरीके से कटेगा चालान
इन कैमरों का ट्रायल शुरू हो गया और 31 मई तक चलेगा। वाहन की निर्धारित से ज्यादा गति (high speed) होने पर कैमरे नंबर प्लेट (number plate) को स्कैन कर ऑटोमेटिक चालान (automatic invoice) कर देंगे। सीसीटीवी कैमरे ऑटोमेटिक नंबर प्लेट रीडर (cctv cameras automatic number plate reader) और स्पीड रडार (speed radar) के साथ लगाए गए हैं।
हाई डेफिनेशन कैमरे (high definition cameras) धुंध और रात के समय में भी साफ तस्वीर देंगे। सर्वाधिक छह कैमरे करनाल और अंबाला व पानीपत में तीन-तीन लोकेशन पर लगेंगे। नेशनल हाईवे (National Highway) पर निर्माणाधीन यातायात एवं हाईवे विभाग के करनाल स्थित प्रदेश कार्यालय में कंट्रोल पैनल लगेगा। जिला स्तर पर सीसीटीवी कैमरों को पुलिस के कंट्रोल पैनल से जोड़े जा सकते हैं।
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राजमार्ग पर यहां लगे कैमरे
करनाल (Karnal) : शनि मंदिर कोहंड, इंडो-इस्रायल परियोजना के सामने घरौंडा, नीलकंठ के सामने करनाल, मयूर ढाबा के पास, रंबा मोड़ तरावड़ी, पेट्रोल पंप गांव बराना।
कुरुक्षेत्र (Kurukshetra) : उमरी जीटी रोड, होटल गोल्डन सरस के पास, शाहाबाद, मोहड़ी।
अंबाला (Ambala) : डीआरएम कार्यालय के नजदीक अंबाला कैंट, मॉडल टाउन क्रॉसिंग, गुरुद्वारा मंझी साहिब के पास अंबाला शहर।
सोनीपत (sonepat) : टीडीआई मॉल कुंडली, दावत राइस मिल के सामने, हसनपुर मोड़, सनपेड़ा मोड़।
पानीपत (Panipat) : जीटी रोड पट्टी कल्याणा, गांव सिवाह, सेक्टर-40 मोड़।
ट्रायल (trial) शुरू, जून में आएगी रिपोर्ट
कैमरों का ट्रायल शुरू हो चुका है। जून माह में इसकी रिपोर्ट तैयार होगी। उम्मीद है कि कैमरे लगने से ओवर स्पीड (over speed) , ओवरलोडिंग पर अंकुश लगेगा। साथ ही वारदात को अंजाम देकर फरार होने वालों को भी पुलिस आसानी से पकड़ सकेगी। हाईवे से गुजरने वाला प्रत्येक वाहन हाई डेफिनेशन सीसीटीवी कैमरे (high definition cctv cameras) की जद में रहेगा। - डॉ. राजश्री सिंह, आईजी, यातायात एवं हाईवे
हादसों का प्रमुख कारण तेज रफ्तार (high speed)
राष्ट्रीय राजमार्ग पर 2019 में 5491 और 2018 में 3876 हादसे हुए। हादसे होने का प्रमुख कारण वाहन की गति ज्यादा (high speed)होना ही सामने आया है। हादसों और आपराधिक वारदातों में कमी लाने के उद्देश्य से यातायात एवं हाईवे पुलिस ने पायलट प्रोजेक्ट के तहत करीब 15 करोड़ रुपये की लागत से उच्च क्षमता के सीसीटीवी कैमरे लगवाए हैं।
