Loan लेने वालों की मौज, फिर से कम होगी EMI, RBI देगा सौगात
Loan EMI RBI : भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) की ओर से हाल ही में बैंक लोन लेने वालों को सौगात दी गई थी, जिससे लोगों के लोन की ईएमआई (EMI) कम हो गई। अब फिर से आरबीआई की ओर से सौगाद दी जा सकती है। इसको लेकए बैंक ऑफ अमेरिका ने जानकारी दी है। इससे लोन (Loan) लेने वालों को तगड़ी राहत मिलेगी।

HR Breaking News (RBI on Loan EMI) हाल ही में आरबीआई की ओर से देशभर में लोन लेने वालों को रेपो रेट में कटौती कर सौगात दी गई थी। रेपो रेट में 0.25 प्रतिशत की कटौती की गई थी। लोन लेने वालों के लिए फिर से आरबीआई की ओर से बड़ा कदम अप्रैल में उठाया जा सकता है। इसको लेकर बैंक ऑफ अमेरिका की ओर से उम्मीद जताई गई है।
6 प्रतिशत रह जाएगी रेपो रेट
भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) की ओर से अप्रैल में मौद्रिक नीति समिति (MPC) की बैठक होगी। इसमें एक बार फिर से देश में रेपो रेट में कटौती की जा सकती है। इसको लेकर बैंक ऑफ अमेरिका का अनुमान है कि रेपो रेट में 25 आधार अंक आरबीआई यानी, 0.25% रेपो रेट में कटौती कर सकता है। इसके बाद देश में रेपो रेट 6% तक आ जाएगा। इससे लोन की ईएमआई (Loan EMI) या समय अवधि कम हो जाएगी।
इस कारण की जाएगी कटौती
बैंक ऑफ अमेरिका के अनुसार रेपो रेट में मुद्रास्फीति के अगले कुछ महीनों तक 4% से नीचे बने रहने के अनुमान के चलते की जा सकती है। इस दौरान रुपये पर दबाव में कमी है। उनके अनुसार इन्फ्लेशन कंट्रोल में है और इस वजह से आरबीआई (RBI) लोगों को राहत दे सकता है। 2 अप्रैल से लागू होने वाले आयात शुल्क अनिश्चितता पैदा कर भी सकता है।
इस साल आगे भी कटौती की उम्मीद
बैंक ऑफ अमेरिका ने केवल 25 प्वाइंट की ही नहीं, आगे भी कटौती की उम्मीद जताई है। 2025 के अंत तक रेपो रेट 5.5% तक आने की संभावना जताई है। आरबीआई (RBI) इस साल कुल 1% यानी 100 आधार अंक की कटौती हो सकती है।
महंगाई और जीडीपी को लेकर यह है अनुमान
आरबीआई (RBI) की ओर से जीडीपी ग्रोथ 6.7% का अनुमान लगाया गया है। वहीं, बैंक ऑफ अमेरिका ने इसको 6.5% होने की संभाना जताई है। वहीं, महंगाई के मामले में आरबीआई (RBI) का लक्ष्य 4.4% है, जबकि बैंक ऑफ अमेरिका इसके 3.8-4% के बीच होने का अनुमान जता रहा है।
बैंकों में लिक्विडिटी बड़ा रहा आरबीआई
आरबीआई (RBI) ने दिसंबर से बैंकिंग सिस्टम में 5 लाख करोड़ रुपये की लिक्विडिटी बढ़ाई है। इसे आगे और ज्यादा बढ़ाया जा सकता है, ताकि लोन (Loan) देने के लिए रुपये उपलब्ध रहे।
लोन की ईएमआई पर पड़ेगा सीधा असर
भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) की ओर से बैंकों को दिए जाने वाले लोन पर ब्याज को रेपो रेट के नाम से जाना जाता है। आरबीआई (RBI) रेपो रेट जितनी कम करेगा उतना ही सस्ता रुपया बैंकों को उपलब्ध होगा और बैंक ग्राहकों को सस्ता लोन (Loan) देंगे। साथी ही मौजूदा चल रहे लोन की ईएमआई (EMI) भी कम की जाती है।
हालांकि यह कर्जदार के ऊपर निर्भर करता है कि वह लोन की समयअवधि कम कराए या फिर ईएमआई। अगर आरबीआई (RBI)इस साल एक प्रतिशत तक रेपो रेट घटा देगा तो इससे करोड़ों लोन लेने वालों को सीधा लाभ मिलेगा।