home page

Toll Tax : क्या इलेक्ट्रिक गाड़ियों पर नहीं लगेगा टोल टैक्स, पूरे भारत में ये हैं नियम

EV Toll Tax Policy : लगातार बढ़ रही पेट्रोल और डीजल की कीमतों में उछाल दर्ज किया जा रहा है। ऐसे में लोग इलेक्ट्रिक गाड़ियों की ओर रुख कर रहे हैं। अब इलेक्ट्रिक गाड़ियों पर टोल टैक्स नहीं लगेगा। इसको लेकर अलग अलग राज्यों में अलग अलग नियम बनाये गए हैं। आइए जानते हैं इस बारे में पूरी जानकारी।

 | 
Toll Tax : क्या इलेक्ट्रिक गाड़ियों पर नहीं लगेगा टोल टैक्स, पूरे भारत में ये हैं नियम

HR Breaking News (Toll Tax) इलेक्ट्रिक गाड़ियों पर टोल टैक्स के नियम बदल दिये गए हैं। बता दें कि अब इलेक्ट्रिक गाड़ियों के नियमों में बदलाव कर दिया गया है। एक राज्य से दूसरे राज्य (Toll Tax New Rule) में जाने के लिए अब इलेक्ट्रिक वाहनों को टोल टैक्स नहीं देना होगा। आज हम आपको इस खबर के माध्यम से इस बारे में पूरी जानकारी देने जा रहे हैं। खबर में जानिये इस बारे में।

 


रोड टैक्स में मिलेगी राहत 

 

अक्सर जब इलेक्ट्रिक गाड़ियों के बारे में बात की जाती है तो लोग कहते हैं “EV ले लो, टोल भी नहीं देना पड़ेगा.” सुनने में ये बात काफी ज्यादा आकर्षक लगती है, लेकिन क्या यह पूरे देश में सच है। इस बात की जानकारी (New Rule of Toll Tax) हर किसी को नहीं होती है। सरकार इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा देने के लिए कई तरह की छूट दे दी गई है। जैसे सब्सिडी, कम GST और रोड टैक्स में राहत मिल गई है। हालांकि टोल टैक्स (Toll Tax) को लेकर जो धारणा बनी हुई है, वे पूरी तरह सही नहीं है।


EV पर टोल फ्री का ये है नियम

सबसे पहले ये साफ कर दें कि इलेक्ट्रिक गाड़ियों के लिए पूरे भारत में टोल फ्री का नियम लागू नहीं होता है। इसका मतलब है कि अगर आपके पास इलेक्ट्रिक कार है, तो इसका मतलब ये बिल्कुल (Toll Tax For EV) भी नहीं कि आप हर राज्य में बिना टोल दिए निकल जाएंगे। नेशनल हाईवे पर भी सामान्य नियम ही लागू किये जाते हैं। इस वजह से सफर पर निकलने से पहले ये मानकर न चलें कि हर जगह छूट मिल जाती है।


महाराष्ट्र में दी जाती है छूट

अगर किसी राज्य में इलेक्ट्रिक वाहनों को टोल (EV News) में सीधी राहत मिल रही है, तो वो राज्य है महाराष्ट्र। महाराष्ट्र सरकार ने EV को बढ़ावा देने के लिए एक खास नीति को बना लिया है। इस नीति के तहत राज्य के भीतर चलने वाली कई इलेक्ट्रिक गाड़ियों को टोल प्लाजा पर शुल्क नहीं देना पड़ता है। इस छूट में प्राइवेट कारें, पैसेंजर वाहन, (Toll Tax on EV) राज्य परिवहन की बसें और कुछ पब्लिक ट्रांसपोर्ट वाहन को शामिल किया गया है। यही कारण है कि यहां EV मालिकों को थोड़ा अतिरिक्त लाभ दिया जाता है।


सभी गाड़ियों को नहीं मिलती है राहत

सबसे ज्यादा ध्यान देने वाली बात ये है कि ये छूट हर तरह के इलेक्ट्रिक वाहन पर लागू नहीं होती है। इलेक्ट्रिक गुड्स कैरियर्स यानी माल ढोने वाले वाहन को टोल टैक्स का भुगतान करना पड़ता है। इसके साथ ही में महाराष्ट्र के कुछ खास हाईवे को छोड़कर बाकी राज्य और National Highways Authority of India के अंतर्गत आने वाले नेशनल हाईवे पर इलेक्ट्रिक वाहनों से 50 प्रतिशत तक टोल लिया जाता है। इसका मतलब है कि ये पूरी छूट नहीं है बल्कि आधा टोल देना होता है। इसकी वजह से सफर थोड़ा सस्ता जरूर हो जाता है, लेकिन पूरी तरह मुफ्त नहीं होगा।


बाकी राज्यों में ये है हाल

फिलहाल महाराष्ट्र ही ऐसा राज्य है जहां इस तरह की सीधी टोल राहत दी गई है। देश के बाकी राज्यों में इलेक्ट्रिक गाड़ियों के लिए टोल के नियम पेट्रोल और डीजल वाहनों जैसे ही बनाये गए है। इसका मतलब है कि टोल प्लाजा (Toll Tax on EV rule) पर आपको सामान्य दर से भुगतान करना होता है। हालांकि जानकारों का मानना है कि जैसे-जैसे EV की बिक्री बढ़ेगी, वैसे-वैसे दूसरे राज्य भी इस दिशा में कदम उठा सकते हैं। 

हालांकि अभी के लिए ज्यादातर जगहों पर टोल देना अनिवार्य है। ऐसे में कुल मिलाकर, अगर आप इलेक्ट्रिक वाहन खरीदने का विचार कर रहे हैं तो आपको ये समझ लेना चाहिए कि टोल फ्री (Toll Free EV) की सुविधा पूरे देश में लागू है या फिर नहीं। फिलहाल सीमित छूट ही उपलब्ध कराई गई है। वो भी खास नियमों के तहत ये छूट मिल रही है।